उत्तराखंडदेहरादूनधर्म कर्मराज्यस्वास्थ्य और शिक्षा

राजस्व न्यायालयों में वादों के त्वरित निस्तारण और भू-राजस्व वसूली में खराब प्रदर्शन करने वाले अमीनों पर कार्रवाई के निर्देश 

Listen to this article

चमोली। अपर जिलाधिकारी ने राजस्व विभाग की समीक्षा बैठक कर अधिकारियों को राजस्व वसूली में तेजी लाने के निर्देश दिए हैं।

अपर जिलाधिकारी डा.अभिषेक ने सोमवार को क्लेक्ट्रेट सभागार में राजस्व विभाग के अक्टूबर माह की प्रगति समीक्षा की। जिसमें राजस्व न्यायालयों में लंबित वादों के त्वरित निस्तारण करने और भू-राजस्व वसूली में खराब प्रदर्शन करने वाले राजस्व अमीनों को चिन्हित कर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

बैठक में वाणिज्य कर, स्टांप तथा निबंधन, आबकारी, परिवहन कर, वन, खनन, भू-राजस्व, रेवन्यू पुलिस, फौजदारी, शमन आदि मामलों के साथ-साथ सीएम हेल्पलाइन व तहसील स्तर पर लंबित शिकायतों की भी समीक्षा हुई।

 

 

अपर जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि लक्ष्य के सापेक्ष मुख्य एवं विविध देयकों, आरसी आदि की वसूली, खनन, राजस्व वादों के निस्तारण में तेजी लाना सुनिश्चित करें। रेग्यूलर एवं राजस्व पुलिस क्षेत्रान्तर्गत विवेचना में लंबित अपराधिक मामलों तथा तहसील स्तरों पर 6 माह से अधिक समय से लंबित वादों को प्राथमिकता पर रखते हुए निस्तारण किया जाए।

सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लंबित पेंशन प्रकरणों और तहसीलों में विभिन्न स्तरों से प्राप्त होने वाली शिकायतों का प्राथमिकता पर निराकरण करें। उन्होंने सभी एसडीएम को निर्देशित किया कि अपने क्षेत्रान्तर्गत स्कूल, अस्पताल, राशन डीलर, वाहन चैकिंग, कूडा निस्तारण आदि संबधी निरीक्षण रिपोर्ट भी समय से उपलब्ध करें। अवैध एवं कच्ची शराब की तस्करी को रोकने के लिए आबकारी विभाग को प्रभावी कदम उठाने के निर्देश दिए गए।

समीक्षा के दौरान बताया गया कि रेग्यूलर पुलिस क्षेत्रान्तर्गत 73 अभियोग शेष है। राजस्व क्षेत्रों में दर्ज 58 अपराधों में से 43 रेग्यूलर पुलिस को हस्तातरण किए गए है। फौजदारी के 106 मामलों में से अक्टूबर में 7 मामलों का निस्तारण किया गया है। तहसीलों मे विभिन्न धाराओं के अन्तर्गत दर्ज 313 राजस्व वादों में से 113 निस्तारित कर लिए गए है। विविध देयकों में 58 प्रतिशत वसूली की गई है। परिवहन विभाग द्वारा 14982 की चैकिंग की गई, जिसमें से 2294 वाहनों का चालान किया गया। आबकारी विभाग द्वारा 52.48 करोड़ राजस्व प्राप्ति की गई है, जो कि विगत वर्ष से 21 प्रतिशत अधिक है।

बैठक में संयुक्त मजिस्ट्रेट दीपक सैनी, एसडीएम कमलेश मेहता, एसडीएम कुमकुम जोशी, एसडीएम संतोष पाण्डे, समस्त तहसीलदार व नायब तहसीलदार सहित राजस्व विभाग के विभिन्न पटलों के पटल सहायक उपस्थित थे।

 

ललिता प्रसाद लखेड़ा

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!